Lok Sabha Debates
Problems Being Faced By The Workers Due To Closure Of Kilns In The Country. on 8 December, 2004
nt> Title: Problems being faced by the workers due to closure of kilns in the country.
श्री र्सेतोष गंगवार (बरेली) : अध्यक्ष महोदय, मैं आपके माध्यम से सरकार के सज्ञान में लाना चाहूंगा कि देश के ५० हजार ईंट-भट्टे बंद होने के कगार पर हैं। इससे ५० लाख श्रमिक बेकार होने जा रहे हैं। इसका कारण यह है कि पर्यावरण मंत्रालय की एक राजाज्ञा से करीब २५ प्रतिशत पॉवर हाउस की ऐश मिलानी पड़ेगी, लेकिन ईंट-भट्टों पर काम नहीं हो रहा है। मैं सरकार से आग्रह करना चाहूंगा कि कोयला, पर्यावरण और श्रम मंत्रालय मिलकार इस समस्या की ओर ध्यान दें और उनकी मुख्य मांग का समाधान करने का कष्ट करें। मुख्य मांग यह है कि पर्यावरण मंत्रालय जो मनमानी कर रहा है कि फ्लाई-ऐश का प्रयोग किया जाये, वह न्यायोचित नहीं है। ईंट-भट्टों के लिये कोयला मंत्रालय एक योजना बनाये जिससे फिर उन्हें कोयला मिल सके। बाकी सारे मंत्रालयों को कोयलार् ौमलता है लेकिन ईंट-भट्टों के लिये नहीर् ौमलता है। ईंट-भट्टों के श्रमिकों के लिये जो कानून है, उसमें परिवर्तन किया जाये। पृथक् ईंट-भट्टा कानून बनाने के लिये एक त्रिपक्षीय समति बनाई जाये जो ६ महीने में अपनी रिपोर्ट दे जिसके आधार पर कानून बने। मेरा आपसे आग्रह है कि सरकार इस समस्या की ओर ध्यान दे।
MR. SPEAKER: Thank you very much for your kind co-operation.
Shri Srichand Kriplani – He is absent.