Lok Sabha Debates
Regarding Alleged Irregularities In The Utilization Of Mplad Fund In Uttar ... on 6 March, 2003
b> 14.02 hrs. Title: Regarding alleged irregularities in the utilization of MPLAD fund in Uttar Pradesh and reported directive by the Chief Minister of Uttar Pradesh to contribute in the party fund from it.
The Lok Sabha reassembled after lunch at two minutes past fourteen of the clock.
(Mr. Deputy Speaker in the Chair) श्री रामजीलाल सुमन (फिरोजाबाद):उपाध्यक्ष महोदय, हमने कार्य स्थगन प्रस्ताव दिया है।…( व्यवधान)
कुंवर अखिलेश सिंह (महाराजगंज, उ.प्र.) : उपाध्यक्ष महोदय, सम्पूर्ण सदन की अवमानना का सवाल है और प्रधान मंत्री जी भी उसके दायरे में आते हैं। …( व्यवधान)
उपाध्यक्ष महोदय: श्री रामजीलाल सुमन, आप सीनियर लीडर है। हम दोपहर के बाद मैटर्स अंडर रूल ३७७ लेते हैं।
…( व्यवधान)
श्री राम विलास पासवान (हाजीपुर) :उपाध्यक्ष महोदय, पहले हमारा दो मिनट के लिए एडजर्नमैंट मोशन सुन लें। कल जब सदन में हमने मामला उठाया तो प्रधान मंत्री जी और होम मनिस्टर साहब यहां मौजूद थे। उन्होंने यह कह कर मामले को खत्म करने का काम किया कि यह मामला उत्तर प्रदेश की मुख्यमंत्री मायावती जी और श्री मुलायम सिंह यादव का है इसलिए स्पीकर साहब पत्र को देख लें। मैं कहना चाहता हूं कि यह मामला मायावती जी और मुलायम सिंह यादव जी का नहीं है, यह पूरे सदन का मामला है और यदि हम लोगों ने उसके ऊपर स्टैंड नहीं लिया* MR. DEPUTY-SPEAKER: Now, we have to take up discussion on the General Budget.
… (Interruptions)MR. DEPUTY SPEAKER: Please let me conduct the business of the House. Please take your seats.
… (Interruptions)
MR. DEPUTY-SPEAKER: Will you please resume your seats? As a special case, I am allowing Shri Ram Vilas Paswan for his submission. I am allowing him for two minutes.
… (Interruptions)
* Expunged as ordered by the Chair.
MR. DEPUTY-SPEAKER: As you all know, we cannot take up the Adjournment Motion or any other thing after the lunch break. However, as a special case, I am giving the permission to Shri Ram Vilas Paswan.
… (Interruptions)श्री राम विलास पासवान:मेरे कहने का मतलब यह है कि सांसदों को अपने क्षेत्र के विकास के लिए जो पैसा दिया जाता है, वह पार्लियामैंट में पेश बजट में वोटिंग से पास होता है। …( व्यवधान)
यह एक बहुत गम्भीर मामला है। * SHRI P.S. GADHAVI (KUTCH): Sir, how can he say like this? … (Interruptions)
MR. DEPUTY-SPEAKER: That word will not go on record.
श्री शीशराम सिंह रवि (बिजनौर):राम विलास जी, आप यह स्कीम कैंसिल करा दीजिये…( व्यवधान)
श्री राम विलास पासवान:हम लोगों ने इसलिये नहीं इसका विरोध करने के लिये कहा…( व्यवधान)
श्री राधा मोहन सिंह (मोतिहारी):अध्यक्ष महोदय, वे प्रक्रिया का विरोध कर रहे हैं लेकिन उन की भाषा सदन की गरिमा को गिराने वाली है…( व्यवधान)
MR. DEPUTY-SPEAKER: Will you please resume your seats?
… (Interruptions)उपाध्यक्ष महोदय : उन शब्दों को निकाल दिया गया है, फिर हल्ला क्यों करते हैं?
...( व्यवधान)
MR. DEPUTY-SPEAKER: Please take your seats. We have to take up the discussion on the General Budget.
… (Interruptions)MR. DEPUTY-SPEAKER: I have expunged those words. मैंने कह दिया है कि वे शब्द मैंने कार्यवाही से निकाल दिये हैं। मि. गेहलोत, प्लीज.
...( व्यवधान)
SHRI PRIYA RANJAN DASMUNSI (RAIGANJ): Sir, you have allowed hon. Member Shri Ram Vilas Paswan to speak. … (Interruptions)
* Expunged as ordered by the Chair.
MR. DEPUTY-SPEAKER: I have given the floor to Shri Ram Vilas Paswan for a submission.
… (Interruptions)MR. DEPUTY-SPEAKER: We have to start our discussion on the Budget.
… (Interruptions)MR. DEPUTY-SPEAKER: Is this the way?
कुंवर अखिलेश सिंह:उपाध्यक्ष जी, इस प्रकरण को गम्भीरता से लेना चाहिये।…( व्यवधान)
MR. DEPUTY-SPEAKER: Shri Prahlad Singh Patel, we have important matters to be taken up in the House. Please take your seat.
… (Interruptions)कुंवर अखिलेश सिंह:उपाध्यक्ष जी, एम.पी.लैड्स स्कीम खत्म करें।
MR. DEPUTY-SPEAKER: I have given the floor to hon. Member Shri Ram Vilas Paswan to make a submission. He is a senior member. Please allow him to speak.
… (Interruptions)कुंवर अखिलेश सिंह:उपाध्यक्ष जी, मैंने कार्य स्थगन प्रस्ताव दिया है, ये किस नियम के अंतर्गत बोल रहे हैं?
उपाध्यक्ष महोदय : यह सब सवेरे-सवेरे हो गया है।
...( व्यवधान)
उपाध्यक्ष महोदय : जो भी आब्जैक्शनेबल वड्र्स होंगे, मैं उन्हें निकाल दूंगा।
श्री राम विलास पासवान: उपाध्यक्ष जी, मैं कहना चाह रहा हूं कि जो माननीय सदस्य चुनकर आये हैं, हम उस जनता के जन-प्रतनधि हैं। मैं मानकर चलता हूं कि सांसद, विधायक जितना ईमानदार होता है, उतना और कोई नहीं होता लेकिन जिस तरीके से आसपर्शन किया जाता है…( व्यवधान)
जिस तरीके से एम.पी. या एम.एल.. को बिकाऊ माल बना दिया गया है- कहा गया कि एम.पी. या एम.एल.ए. २ लाख से ५ लाख रुपये की ईमानदारीपूर्वक कमीशन लेता है जबकि कमीशन उन्हें अलग से मिलती है। मैं कहना चाहता हूं कि जो पैसा जाता है, वह पार्लियामेंट के वोट से जाता है। संसद में यह भी पास होता है कि यदि उस मामले में कहीं कोई घोटाला होता है या किसी तरह की कोई गड़बड़ी होती है तो वह भ्रष्टाचार के अंतर्गत आता है। यदि यह कहा जाता है कि उस पैसे का परसेंटेज दो, चाहे व मुख्य मंत्री हो या बिना मुख्य मंत्री हो, मामला यह नहीं है कि मुख्य मंत्री के काल में मांगा गया या जब मुख्य मंत्री नहीं थीं, तब मांगा गया। चाहे कोई इनडविजुअल मांगे, जब भी कोई व्यक्ति किसी से कमीशन मांगता है एम.पी. फंड से तो वह भ्रष्टाचार में आता है। इसलिए मैं आपसे कहना चाहता हूँ कि जो उत्तर प्रदेश की मुख्य मंत्री ने उस समय, या जब मुख्य मंत्री नहीं थीं, उस समय मायावती की हैसियत से जो मांगा गया एम.पी. के फंड से, कि पांच लाख रुपये दो चूंकि तुम कमाते हो, या दो लाख रुपये दो, यह भ्रष्टाचार का संकेत है और इसलिए उनको मुख्य मंत्री के पद पर रहने का अधिकार नहीं है। …( व्यवधान)मैं आपसे कहना चाहता हूँ कि प्रधान मंत्री और उप प्रधान मंत्री ने बड़ी चालाकी से स्पीकर पर इस मामले को फेंककर, पत्र का हवाला देकर, मामले को क्लोज़ करने का काम कया है। मैं चेयर से मांग करता हूँ कि यह भ्रष्टाचार का मामला है और इसके ऊपर प्रधान मंत्री को या उप प्रधान मंत्री को सदन में आकर सफाई देनी चाहिए कि क्या कोई व्यक्ति जिसके पास फंड का पैसा है, उस फंड का कमीशन मांग सकता है या नहीं।
उपाध्यक्ष महोदय : इसके बारे में स्पीकर साहब ने हाउस में बताया कि जो भी लैटर उन्होंने लिखा है, उसके बारे में उत्तर प्रदेश विधान सभा के स्पीकर साहब से डिसकस करके मामला तय करेंगे।
कुंवर अखिलेश सिंह: इस विषय पर हमारा कार्य स्थगन प्रस्ताव भी है। …( व्यवधान)
MR. DEPUTY-SPEAKER: Shri Ramji Lal Suman, what is this?
… (Interruptions)
SHRI PRIYA RANJAN DASMUNSI (RAIGANJ): Sir, this matter has been raised on many occasions in the last three days. … (Interruptions)
उपाध्यक्ष महोदय : मैं आपको फ्लोर दूंगा। त्रिपाठी जी, आपको भी सुनूँगा। यह ज़ीरो आवर नहीं है।
...( व्यवधान)
THE MINISTER OF STATE OF THE MINISTRY OF ROAD TRANSPORT AND HIGHWAYS (MAJ. GEN. (RETD.) B.C. KHANDURI): Sir, this is time to take up Matters under Rule 377. How long will this continue to go on? … (Interruptions)
SHRI PRIYA RANJAN DASMUNSI : Mr. Deputy-Speaker, Sir, you gave me the floor. … (Interruptions)
MR. DEPUTY-SPEAKER: I have to conduct the business of the House. If a senior leader wants to make a submission, I have to yield. How do I conduct the House?
… (Interruptions)
MR. DEPUTY-SPEAKER: That is not a fair way of commenting.
… (Interruptions)
MR. DEPUTY-SPEAKER: I am giving the floor to him also.
… (Interruptions)
SHRI PRAKASH MANI TRIPATHI (DEORIA): Sir, why are you pointing at me? … (Interruptions) क्या इनकी बात ही सुनी जाएगी? कई बार यह बात सदन में उठ चुकी है। जब मामला एक बार तय हो चुका है तो फिर यह मामला ये कब तक उठाएंगे?…( व्यवधान)
उपाध्यक्ष महोदय : त्रिपाठी जी, मैं आपको फ्लोर दूँगा, आपकी सबमिशन के लिए।
...( व्यवधान)
कुंवर अखिलेश सिंह: यह मामला बार-बार उठेगा। तब तक उठेगा जब तक इस समस्या का निराकरण नहीं होगा। तब तक रोज़ यह मामला उठेगा। …( व्यवधान)
श्री रामजीलाल सुमन : इस मामले में जब तक सीबीआई जांच नहीं होगी, तब तक यह मामला रोज़ उठेगा। …( व्यवधान)
MR. DEPUTY-SPEAKER: I will give the floor to you.
… (Interruptions)
MR. DEPUTY-SPEAKER: I will hear you. I will give you the floor.
… (Interruptions)
कुंवर अखिलेश सिंह:इस पर कोई डिसीज़न नहीं हुआ है। …( व्यवधान)
श्री रामजीलाल सुमन : इस पर कोई निर्णय नहीं हुआ है।…( व्यवधान)
श्री शीशराम सिंह रवि :इन्होंने जो गलत आरोप लगाए हैं …( व्यवधान)
कुंवर अखिलेश सिंह:हमने कोई गलत आरोप नहीं लगाया है। हमने टेप प्रस्तुत किया है। वह टेप पूरे सदन को दिखाया जाए, स्थिति सामने आ जाएगी। …( व्यवधान)
उपाध्यक्ष महोदय : उस मैटर में स्पीकर साहब ने डिसीज़न लिया है। उन्होंने कहा है कि वह लैटर देखने के बाद क्या कार्रवाई करनी है, वह बताएंगे।
...( व्यवधान)
SHRI PRIYA RANJAN DASMUNSI : Sir, this matter is creating a very explosive news item everyday in the newspapers endangering the dignity of most of the Members of Parliament in public life. Mr. Deputy-Speaker, Sir, I fully endorse the proposal of Shri Ram Vilas Paswan.
It is not a party issue. The Home Minister must clarify the position whether to protect the dignity of the House and the Members, these allegations, as levelled in the tape, he will inquire through a comprehensive agency like CBI and give the findings to us, as to what is the truth behind it. It is not an issue of any individual fighting. And more so Sir, it is no good to make allegations about every Member because the so-called ‘alleged tape’ is confined to the party MPs of Kumari Mayawati only. No other party MPs has been addressed in this direction. So, it is the duty of all the Members of the BSP to protect their own dignity and to question the bona fide of Kumari Mayawati or to find out the truth because it is confined to BSP MPs and not to other MPs.
Therefore, I feel, what Shri Ram Vilas Paswan has said is correct. All the MPs want to know the truth behind the tape and it is the duty of the Home Minister of India to assist the Parliament by instituting an inquiry of CBI and then report it to the Parliament. … (Interruptions) That is my contention and I think the Government should stand by it. There is no fear, nothing. It will be still more transparent.
… (Interruptions)
संसदीय कार्य मंत्रालय में राज्य मंत्री तथा पर्यटन और संस्कृति मंत्रालय में राज्य मंत्री (श्रीमती भावनाबेन देवराजभाई चीखलीया) : उपाध्यक्ष जी, कल इस विषय को लेकर हाउस में चर्चा हुई थी और उप प्रधान मंत्री, श्री लाल कृष्ण आडवाणी जी ने कहा था कि मायावती जी का लैटर आया है जिसमें पूरे डिटेल्स आए हैं, लेकिन उसे सदन में प्रस्तुत किया जाए या नहीं, यह अध्यक्ष महोदय पर निर्भर करता है। …( व्यवधान)
उपाध्यक्ष महोदय : यह सब मैंने आपसे पहले ही सदन को बता दिया है।
श्रीमती भावनाबेन देवराजभाई चीखलीया : उपाध्यक्ष महोदय, जब स्पीकर साहब ने रूलिंग दे दी है, तो इस विषय पर बहस कैसे हो सकती है।…( व्यवधान)
श्री प्रियरंजन दासमुंशी:उपाध्यक्ष जी, होम मनिस्टर सी.बी.आई. से जांच करा के सदन में रिपोर्ट पेश करें।
… (Interruptions)
कुमारी ममता बनर्जी (कलकत्ता दक्षिण):डिप्टी स्पीकर साहब, यह बहुत गम्भीर मामला है। आप जैसे और अन्य सांसदों पर कालिमा पोतने की कोशिश की जा रही है। Every MP is not involved in that tape, but there are some. It may be that some complaints are coming from different parts of the country. This money is coming from the Government of India, and when the money is coming from the Government of India, there must be some monitoring system, some vigilance system. If any allegation comes, the Government have every right to inquire into the matter.
Sir, why we are telling it is because you cannot say all the MPs are corrupt, or you cannot say all the MLAs are corrupt. … (Interruptions) That is why, Sir, we feel, even from my State also one MP has complained and his life is at stake now, a CPI (M) MP. I am not mentioning the name of the party. Everywhere there are some corrupt people, but, all are not equal. In order to protect the interest of the MPs, and their prestige -- it should not be damaged by a particular person, or by a particular party -- I would request that the Government must discuss this matter very seriously in the House and let this Parliament decide. Regarding the MPLAD programme, if there is any vigilance or monitoring system in the Government machinery, it is the CBI. I feel, this is not the State Government’s money, this is the Central Government’s money, and the Government can investigate through the CBI and this matter may be closed here.
… (Interruptions)
MR. DEPUTY SPEAKER : Please.
… (Interruptions)
SHRI PRIYA RANJAN DASMUNSI: Can you accept it? Accept it.
… (Interruptions)
MR. DEPUTY SPEAKER : I will come back to you.
… (Interruptions)
कुंवर अखिलेश सिंह (महाराजगंज, उ.प्र.) : उपाध्यक्ष महोदय, हमारा कार्य-स्थगन प्रस्ताव है। …( व्यवधान)
श्री रामजीलाल सुमन (फिरोजाबाद):उपाध्यक्ष महोदय, हमारा भी कार्य-स्थगन प्रस्ताव है।…( व्यवधान)
डॉ. रघुवंश प्रसाद सिंह (वैशाली):उपाध्यक्ष महोदय, ममता बहन ने जो सवाल उठाया है वह बिलकुल सही है। हम उनसे सहमत हैं। कमीशनखोरी जारी नहीं रह सकती है। कमीशनखोरी बन्द होनी चाहिए।…( व्यवधान)
श्री प्रकाश मणि त्रिपाठी:उपाध्यक्ष महोदय, यह व्यवस्था का प्रश्न है। तीन दिन से यहां बात उठाई जा रही है। इसको लेकर तीन दिन से क्वैश्चन-ऑवर में व्यवधान पैदा हो रहा है। बार-बार स्पीकर साहब ने कहा कि आप इस मामले को शून्य-काल में उठा सकते हैं, एडजर्नमेंट मोशन के तौर पर उठा सकते हैं, लेकिन दो माननीय सदस्य बराबर बोल रहे हैं।
उपाध्यक्ष महोदय, कल इस पर विस्तार से चर्चा हुई। गृह मंत्री जी से कहा गया कि वे यहां आकर बयान दें। उन्होंने कहा कि मैं बयान देने के लिए तैयार हूं, लेकिन जो पत्र मुझे उत्तर प्रदेश की मुख्य मंत्री मायावती जी से आया है, उसे मैंने पढ़ा है। उसे संसद के सामने रखा जाए या न रखा जाए यह ऊहापोह है। मेरा विचार है कि संसद के सामने नहीं रखा जाए।
इसके साथ ही प्रधान मंत्री जी ने यह कहा कि कुछ चीजें ऐसी होती हैं जिन्हें सभापटल पर रखा जाता है और कुछ चीजें ऐसी होती हैं जिन्हें सभापटल पर नहीं रखा जाता है। यह बात स्पीकर साहब ने स्वीकार की और पूरे सदन ने उसे स्वीकार किया।
केवल दो आदमियों ने स्वीकार नहीं किया और वह बात आज सुबह और दोपहर में चली है। मैं यह जानना चाहता हूं कि जो प्रावधान, आदेश स्पीकर साहब के हैं और जिस पर पूरा सदन सहमत था, उसी चीज को लेकर एक नया माननीय सदस्य आकर उठाए, यह कहां तक उचित है।…( व्यवधान)
कुंवर अखिलेश सिंह:उपाध्यक्ष महोदय, अगर त्रिपाठी जी का यह आरोप है, आप इस भ्रष्टाचार के आरोप को लखिए, मैं संसद सदस्य के पद से इस्तीफा दे रहा हूं।…( व्यवधान)मैं सदन से इस्तीफा देकर जा रहा हूं,…( व्यवधान)* मैं सांसद के पद से इस्तीफा दे रहा हूं।...( व्यवधान)*मेरे जैसे व्यक्ति को इस सदन में कोई विश्वास नहीं है। …( व्यवधान)आप इस सदन के माननीय सदस्य बने रहिए।…( व्यवधान)
श्री प्रकाश मणि त्रिपाठी:मेरा अनुरोध होगा कि अखिलेश जी ऐसी कोई बात न करें, लेकिन अगर करते हैं और उससे यह मामला खत्म हो जाता है तब भी ठीक है। मुझे कोई एतराज नहीं है।…( व्यवधान)
डॉ. रघुवंश प्रसाद सिंह :हम लोग इसके लिए लड़ेंगे।
१४.२२ hrs. ( At this stage Kunwar Akhilesh Singh and some other hon. Members came and stood near the Table) उपाध्यक्ष महोदय : सुमन जी, इन्हें संभालो, यह क्या तरीका है।
श्री रामजीलाल सुमन : महोदय, यह बहुत गंभीर मामला है।…( व्यवधान)
१४.२३ hrs. (At this stage Kunwar Akhilesh Singhand some other hon. Members went back to their seats) उपाध्यक्ष महोदय : कैमरा ऑफ कर दीजिए।
…( व्यवधान)
* Expunged as ordered by the Chair.
उपाध्यक्ष महोदय : मैं सदन से शांत रहने के लिए अनुरोध करूंगा। अखिलेश जी ने जो किया है, वह बिलकुल ठीक नहीं है। आपको जो कुछ कहना है वह स्पीकर साहब के पास जाकर बता सकते हैं। आपको इस तरह नहीं करना चाहिए, यह बिलकुल गलत तरीका है।
…( व्यवधान)उपाध्यक्ष महोदय : मैं सदन की कार्यवाही १५ मिनट के लिए एडजर्न करता हूं।
१४ .२४ hrs. The Lok Sabha then adjoined till fortyfive minutes past fourteen of the Clock.
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