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            मैंने जिक्र किया जो इन्होंने कहा कि ये नान-स्टेट एक्टर हैं। ISI itself is a non-state actor in a way. After all it is not under the control of the elected Government of Pakistan. It is answerable only to the army.
SHRI BRAJA KISHORE TRIPATHY (PURI): Answerable to President.
SHRI L.K. ADVANI : I doubt it. I really doubt it. I am not only saying myself but even the spokesmen of the American Government, who are expected to know the functioning of Pakistan perhaps better, also admitted this fact to me. When she (Dr. Condoleeezza Rice, US Secretary of State) came here, I posed her this question. मैं एक मुख्य समस्या जो पाकिस्तान से संबंधित है, उसके बारे में कहना चाहता हूं कि मुझे समझ में नहीं आता कि वहां पर कौन अथौरिटी है? डेमोक्रेटिक देशों में जैसे हमारा देश है, यहां हर एक जानता है कि कौन फाइनल अथौरिटी है। लेकिन पाकिस्तान जैसा देश, जहां बहुत बार  coup हुए हैं और कितनी बार आर्मी रूल आया है, वहां अब इस समय एक नाम है, तथाकथित प्रधानमंत्री भी हैं और राष्ट्रपति भी हैं लेकिन कौन अथौरिटी है ? यह निर्णय करना आसान नहीं है। उनका कहना था और लगता है कि जो आर्मी चीफ हैं, वही सर्वेसर्वा हैं।
            अध्यक्ष जी, आपने अचानक मुझे कह दिया, इसीलिए थोड़ी दिक्कत हो रही है।
MR. SPEAKER:  Well, you are an expert.
SHRI L.K. ADVANI :  Not at all.
MR. SPEAKER: Sorry for the inconvenience. It is such an important issue.  You should not feel.
SHRI L.K. ADVANI :  I am grateful to you. [r10]              हमें आश्चर्य नहीं होता है, जब ये ऐसा करते हैं। लश्कर-ए-तैय्यबा के लोग या उसके प्रमुख क्या बोलते हैं, क्या नहीं बोलते हैं, वह हमें ध्यान में रखकर चलना चाहिये। मैं इस बात को मानता हूं और कई बार इस बात को कह चुका हूं कि  किसी आतंकवादी का कोई धर्म या मज़हब नहीं होता है। आतंकवाद एक अपना धर्म है लेकिन साथ ही साथ वास्तविकता यह है कि लश्कर-ए-तैय्यबा नाम की संस्थायें, जिन्हें पाकिस्तान ने आश्रय दे रखा है, उन पर बैन भी लगाती हैं तो दूसरे नाम से उन्हें चलने देती है। उनके नेता को गिरफ्तार भी करती हैं, तथाकथित गिरफ्तारी करती है और उन्हें हाउस एरैस्ट में रखती है, लेकिन जब यह मामला कुछ ठंडा हो जाये तो उन्हें  सम्मान के साथ छोड़ देगी, प्रशंसा करेगी।  लश्कर-ए- तैय्यबा का सुप्रीम धार्मिक और पौलिटिकल हैड हाफिज़ मोहम्मद सैय्यद ने नवम्बर महीने में दिसम्बर की घटना के पहले कहा था :
   
कि मुस्लिम बहुमत कहाँ पर है और हिन्दू बहुमत कहाँ पर है? पाकिस्तान ने भले ही अपने को इस्लामिक राज्य घोषित किया हो, थियोक्रैसी स्वीकार की होगी, हमने थियोक्रैसी स्वीकार नहीं की। हमने कहा कि हमारा राज्य सेकुलर राज्य होगा जिसमें सब धर्म, सब पंथ बराबर होंगे, चाहे वे किसी भी धर्म व मजहब के अनुयायी क्यों न हों। 
MR. SPEAKER: Please Mr. Ramdas, this is not the way to behave.
SHRI L.K. ADVANI : This is the civilizational ethos of India. यह सिविलाइजेशनल इथोस ऑफ इंडिया पर आक्रमण है। यह हमें पहचानना चाहिए। यह हमारी प्रगति पर आक्रमण है। यह सिविलाइजेशनल इथोस ऑफ इंडिया पर आक्रमण है। इसको पहचानकर हम इसका सही उत्तर उनको दे पायें और इस उत्तर को देते हुए हम भारत के मुसलमानों को भी उसमें समाविष्ट कर सकें। जितनी मात्रा में हम कर सकेंगे उतनी मात्रा में ही हमने सही उत्तर दिया, यह कहा जाएगा। अभी-अभी रिसेन्टली मैंने देखा कि मुंबई की घटना के बाद कई स्थानों पर मुस्लिम समाज में गुस्सा है कि यह क्या हो रहा है? इनके कारण हम यहाँ पर बदनाम हो रहे हैं। इनके कारण यहाँ पर मतभेद पैदा होते हैं। अभी-अभी हैदराबाद में इमाम और मौलवी इकट्ठा हुए थे।  जमियत उलेमा हिंद ने इसका आयोजन किया था। उन्होंने आतंकवाद के खिलाफ प्रस्ताव पारित किया। कई लोग यहाँ आए और आतंकवाद के खिलाफ प्रदर्शन किया। मैं उसका स्वागत करता हूँ। प्रसिद्ध पत्रकार एम.जे. अकबर मेरे मित्र हैं। वे रेगुलरली आजकल टाइम्स ऑफ इंडिया में लिखते हैं। उन्होंने लिखा, वह मुझे बहुत अच्छा लगा।  उन्होंने टोरंटो स्टार में एक लेख लिखा, जिसमें कहा कि “I am an Indian and a  Muslim and proud to be both. Like any Indian, today I am angry, frustrated and depressed. I am angry at the manic dogs of war who have invaded Mumbai.” 12.00 hrs. उन्होंने सही कहा और चिदम्बरम जी हाँ कह रहे हैं, लेकिन उसका जो फॉलोइंग सैन्टैन्स है, उसको भी हाँ कहेंगे। उन्होंने कहा कि :